कोविड-19 के चलते भारतीय रेलवे ने ट्रेनों में सफर करने वाले मुसाफिरों को लेकर एक नई पहल की है। यात्रा करने वाले सभी यात्रियों का पूरा ब्यौरा लिया जाएगा ताकि इमरजेंसी पड़ने पर यात्रियों से सीधे संपर्क किया जा सके। इसमें उनका स्थाई एवं अस्थाई पता, मोबाइल नंबर, घर का नंबर सहित पूरा खाका देना अनिवार्य होगा। इसकी शुरुआत भारतीय रेलवे स्पेशल राजधानी ट्रेनों से करने जा रही है इसके बाद सभी ट्रेनों में यह व्यवस्था लागू हो सकती है। यात्री को यह जानकारियां ऑनलाइन टिकट खरीदते समय बनाए गए नए कॉलम में भरना होगा । आपको बता दें कि इस नई जानकारी को अगर आप नहीं देते हैं तो आपका टिकट बुक नहीं हो पाएगा। मसलन अगर आप नई दिल्ली से पटना जा रहे हैं तो पटना के किस मोहल्ले में आपको जाना है उसका पूरा पता अनिवार्य रूप से भारतीय रेलवे द्वारा आपसे लिया जाएगा। साथ ही साथ आपको बता दें कि नई दिल्ली का पता भी आपको देना होगा कि आप अभी किस क्षेत्र में रहते हैं, और कहां से यात्रा करने के लिए ट्रेन पकड़ने के लिए आ रहे हैं।
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2 लाख यात्रियों ने बुक की है 45 करोड़ की टिकट
रेलवे ने बताया कि 12 मई से चल रही है स्पेशल राजधानी ट्रेनों में अगले 7 दिनों के लिए 2 लाख से अधिक यात्रियों ने यात्रा विशेष ट्रेनों के लिए लगभग ₹45 करोड़ की टिकट बुक की है। सूत्रों के मुताबिक स्पेशल ट्रेनों में यात्रा के लिए रेड जोन और कैंटोनमेंट जोन से भी यात्री पहुंचे थे जिसके बाद रेलवे ने यह कदम उठाया है। कोरोनावायरस से लड़ने में इस नई व्यवस्था के बाद काफी सुविधा महसूस होगी, क्योंकि जब आपसे आपका पता लिया जाएगा उसके बाद रेलवे उन इलाकों को लेकर मुआयना करेगी कि आपका इलाका कोरोना वायरस को लेकर जारी जोन में किस जोन में पड़ता है।

बिहार सीएम नीतीश का रेलवे से खास व्यवस्था लागू करने की नई अपील
कोरोना के चलते Lockdown में कामगारों को उनके घर पहुंचाना कठिन था, लेकिन रेलवे ने श्रमिक स्पेशल ट्रेनों से इसे कर के दिखाया। कामगारों को उनके घर पहुंचा रही यह ट्रेनें, उनके लिए वरदान साबित हो रही है। बिहार के सीएम नीतीश ने बिहार के बाहर फंसे सभी प्रवासी मजदूरों को बिहार लाने की बात कही है। उन्होंने कहा है कि वे परेशान न हों, धैर्य रखें, सुरक्षित रहें। सरकार सभी इच्छुक प्रवासी मजदूरों को जल्द से जल्द बिहार वापस लाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठा रही है। प्रवासी मजदूरों के आने को लेकर सीएम नीतीश द्वारा मुख्य सचिव को निर्देश दिया गया है कि केंद्र सरकार के साथ वार्तालाप कर रेल मंत्रालय को ऐसी व्यवस्था बनाने के लिए विचार करें कि बिहार आने के इच्छुक प्रवासी मजदूरों को उनके आने की तिथि की अग्रिम जानकारी प्राप्त हो जाए ताकि उनमें निश्चिंतता का भाव पैदा हो सके, इससे प्रवासी मजदूरों में घर लौटने की बेचैनी अथवा किसी प्रकार की आशंका या आक्रोश उत्पन्न नहीं होगा।

भारतीय रेलवे लोगों को सुरक्षित उनके मंजिल तक पहुँचा रही है
Lockdown में रेलवे द्वारा ट्रेन चलाने से घर और परिवार से दूर रहे लोगों के चेहरे की मुस्कुराहट लौटी है। लोग ना सिर्फ अब अपने परिजनों से मिलने के लिये खुश हैं, बल्कि रेलवे को धन्यवाद देकर उसका आभार भी व्यक्त कर रहे हैं। कोरोना संक्रमण से बचाने के लिये रेलवे स्टेशन पर स्क्रीनिंग, सैनिटाइजेशन, व सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए यात्रियों को ट्रेन द्वारा उनके घर भेजा जा रहा है। महामारी के इस संकट में रेलवे यात्रियों को सुरक्षा और सुविधा के साथ उनकी मंजिल तक पहुंचा रही है।
रेलमित्र की आप सबसे खास अपील यात्रा के दौरान इन नियमों का पालन करें, और कोरोना को हरायें।
▪️मास्क पहनें
▪️एक दूसरे से 6 फुट की दूरी बनायें
▪️अनावश्यक चीजों को ना छुएं
▪️20 सेकंड तक साबुन से हाथ धोयें
▪️हाथ ना मिलायें, नमस्ते करें।
सावधान रहें, सुरक्षित रहें।












